B.Ed & D.L.Ed Micro Teaching Social Study Lesson Plan //Lesson plans
बी. एड .और डी .एल. एड . सूक्ष्म शिक्षण (micro teaching) पाठ योजना .. (सामाजिक अध्ययन )
बी. एड. और डी .एल . एड. मे टीचिंग कैसे पढ़ना है यही सिखाया जाता है और सूक्ष्म शिक्षण एक ऐसी ही तकनीक है जो छात्रों को एक अच्छा शिक्षक बनाने मे मदद करती है यह "असली क्लास मे पढ़ने से पहले की प्रेक्टिस "है
सूक्ष्म शिक्षण (micro teachng) क्या है ..
यह शिक्षण का छोटा रूप है स्कूल मे पढ़ने से पहले अपने छात्राध्यापक के सामने पढ़ा कर जो भी कमी है उसको दूर करते है । इसमे किसी एक टॉपिक को लेकर हम अपने साथ पढ़ने वाले छात्रों के सामने पढ़ते है। इसमे सब कुछ छोटा कर दिया जाता है ताकि छात्राध्यापक अपनी पढ़ने की कला का सुधार कर सके।
- छात्रों की संख्या: 5 से 10 (आपके अपने क्लास के साथी ही छात्र बनाते है ।)
- समय : 6 से 10 मिनट ।
- टॉपिक : केवल एक छोटा स कान्सेप्ट ।
- कौशल : एक समय मे केवल एक ही टीचिंग स्किल पर ध्यान देते है ।
सूक्ष्म शिक्षण कौशल : माइक्रो टीचिंग मे अलग अलग स्किल सीखते है इसमे मुख्यतः 6 प्रकार की स्किल है ।
- उद्देश्य कौशल (objective writing skill ): इसमे आपका उद्देश्य क्या है पाठ को लेकर लिखते है ।
- प्रस्तावना कौशल (Introducton skill ) : पाठ को किस तरह बच्चों के सामने प्रस्तुत करे जिससे बच्चे रुचि ले ।
- प्रश्न कौशल (Questioning skill) : बच्चों से सीधे और टॉपिक से प्रश्न पूछे ।
- उदाहरण और व्याख्या कौशल (Illustration and Explaining skill) : किसी टॉइक को आसान तरीके से समझाना ।
- मूल्यांकन कौशल और पुनर्बलन कौशल (Rating and Rainforcement skill ) : इसमे बच्चों का मूल्यांकन कर और बच्चों को शाबाश या बहुत बढ़िया बोलकर प्रोत्साहित करते है ।
- श्यामपट कौशल (Blackboard skill) : बोर्ड पर साफ और सही तरीके से लिखना ।
सूक्ष्म शिक्षण के चक्र :
यह एक चक्र की तरह चलता है जिसे जानना बहुत जरूरी है
- पाठ योजना (Lesson plan ): इसमे आप एक छोटा सा पाठ योजना बनाते है ।
- शिक्षण (Teach ): आप 6 मिनट तक साथियों के साथ पढ़ते है ।
- प्रतिपुष्टी (Feedback): पढ़ने के बाद आपको बताया जाता है अपने कैसा पढ़ाया और कहा कमी थी ।
- पुनः योजना (Re -Plan): feedback के आधार पर अपने पाठ योजना की सुधारत्ते है।
- पुनः शिक्षण (Re --Teach) : सुधारे हुवे पाठ योजना के आधार पर फिर से पढ़ते है ।
- पुनः प्रतिपुष्टी (Re -Feedback ) : अंत मे फीर से आपको चेक किया जाता है की जो कमी थी सुधार हुव या नहीं ।
सूक्ष्म शिक्षण क्यों जरूरी है :
- दर खत्म होता है : नए टीचरों के मन से क्लास मे पढ़ने का दर निकाल जाता है और अच्छे से पढ़ते है ।
- गलतियों मे सुधार : छोटी क्लास मे जो गलती करते है उसमे सुधार कर लेते हा ताकि बड़ी क्लास मे गलती न हो ।
- आत्मविश्वास : जब आप सब स्किल सिख जाते है तो आपके अंदर एक आत्मविश्वश बढ़ जाता है ।
- तुरंत फीडबैक : इसमे आपको तुरंत प्रतिपुष्टी मिल जाती है ताकि सूधार किया जा सके और टीचिंग कैसी रही।
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